कविता - सीमा जैन

सीमा जैन
सूरज से आशा,
चाँद से भाषा,
शब्दों की माला,
है तेरे वास्ते।

तारों की चादर,
लहरों की पायल,
जुगनू ने रास्ते,
बनाये तेरे वास्ते।

रातों में दिए,
हाथों में लिए,
अंधेरे चीर दूँ,
मैं तेरे वास्ते।

प्यार का पल,
आज और कल,
दिल का सुकून,
बनूँ तेरे वास्ते।

तेरी आँखों में,
तेरी यादों में,
मेरा छोटा सा घर,
तेरे दिल के रास्ते।

साँसों की डोर,
दुआओं के छोर,
कभी न खाली,
हो तेरे वास्ते।