आओ हिंदी सीखें - भाग 13

डॉ. सत्यवीर सिंह

सत्यवीर सिंह

सहायक आचार्य (हिंदी)
ला. ब. शा. राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, कोटपूतली (जयपुर) 303108, राजस्थान, भारत
चलभाष: +91 979 996 4305; ईमेल: drsatyavirsingh@gmail.com

अनेकार्थी शब्द

हिंदी में बहुत से शब्द ऐसे भी हैं जो भिन्न-भिन्न संदर्भों में प्रयोग के अनुसार अलग-अलग अर्थ व्यक्त करते हैं। ऐसे शब्दों को अनेकार्थक, अनेकार्थी या भिन्नार्थक शब्द कहा जाता है। संदर्भ के अनुसार इन शब्दों के अलग-अलग अर्थ मिलते हैं। जैसे- 'आम' शब्द है;  इस के दो अर्थ हैं। एक फल के अर्थ में तथा दूसरा सामान्य अर्थ (यह 'आम' आदमी की परेशानी है) में है। इसके लिए प्रयोग और संदर्भ दो मुख्य तथा जरूरी शर्ते हैं। अर्थात् इसके लिए आवश्यक है कि किस संदर्भ में हम उस शब्द का प्रयोग कर रहे हैं। उस शब्द से अर्थ वैसा ही अर्थ निकलेगा। कतिपय अनेकार्थी शब्दों की सूची निम्नलिखित है-

अंक- गिनती के अंक, संख्या, गोद, निशान, भाग्य, चिह्न, देह, धब्बा, परिच्छेद, छाप, पत्रिकाओं की नियतकालिक प्रति, लिखावट, सर्ग (नाटक व काव्य का अध्याय), हुक जैसा टेढ़ा हथियार, नकली लड़ाई, स्थान
अंग- शरीर के अवयव, अंश, शाखा, भेद, पक्ष, टुकड़ा, प्राचीन भारत में एक जनपद का नाम, उपाय, साधन, मनछह की संख्या, ओर, कक्ष, प्रकार
अर्क- सूर्य, आक का पौधा (मदार का पौधा), काढ़ा, रविवार, रस, पंडित, स्फटिक, इंद्र, ज्योति, एक प्रकार का क्वाथ, बारह की संख्या, आहार, उत्तरा फाल्गुनी नक्षत्र
अक्ष- धुरी, आँख, कील, सूर्य, रथ, पहिया, आत्मा, मंडल, ज्ञान, चौसर के पासे, एक पैमाना (104 अंगुल), रुद्, सोलह माशे की एक तौल
अक्षर- वर्ण, ब्रह्मा, आत्मा, सत्य, आकाश, नित्य, मोक्ष, नाशरहित, धर्म, अविनाशी, अच्युत, हर्फ, खड्ग,
अज- ब्रह्मा, शिव, बकरा, दशरथ के पिता, जीव, अजन्मा जीव, मेष राशि, भेंडा, कामदेव, माक्षिक धातु, सूर्य का रथ, नक्षत्रवीथी
अंबर- वस्त्र, आकाश, बादल, एक सुगंधित पदार्थ, कपास, अभ्रक, परिधि, घेरा,
अब्ज- कमल, चंद्रमा, कपूर, शंख, धन्वंतरि, अरब, निचुल वृक्ष (बेंत)
अर्थ- धन, अभिप्राय, आशय, मतलब, तात्पर्य, प्रयोजन, कारण, के लिए, इंद्रिय विषयक, मामला,
अधर- होंठ, आधारहीन, नीचे का, अंतरिक्ष, तुच्छ, पाताल, रतिगृह, दक्षिण दिशा
अरुण- लाल, बालसूर्य, सूर्य का सारथी, सिंदूर, कुंकुम, शब्दरहित, गुड़, मूक, माघ महीने का सूर्य
अमृत- अन्न, दूध, पारा, जल, स्वर्ण, गिलोय, मुक्ति, मृत्युरहित, अयाचित भिक्षा, वत्सनाभ नामक विष, चार की संख्या
अनन्ता- पृथ्वी, दूर्वा, पीपल, पार्वती, आमलकी, एक की संख्या
अनंत- अंतहीन, शेषनाग, आकाश, विष्णु, बाजूबंद, नित्य, बहुत, कृष्ण, बलराम, वासुकि, लक्ष्मण, विष्णु का शंख, रुद्र
अतिथि- मेहमान, पाहुना, साधु, यात्री, अग्नि, कुश का पुत्र, यज्ञ  के लिए सोमलता लाने वाला अनुचर, सुहोत्र, अभ्यागत
अग्र- मुख्य, शिरा, नोक, श्रेष्ठ, पहले, आगे, शिखर, एक राजा का नाम, एक तौल, आहार की एक मात्रा
अंबुज- कमल, बेंत, ब्रह्मा, शंख, वज्र, ईजड़ नामक पेड़, सारस पक्षी, कपूर
अलि- कोयल, भौंरा, कौआ, बिच्छू, कुत्ता, मदिरा, सखी
अंचल- प्रदेश, सिरा, साड़ी का पल्लू, आँचल, कोना, तट, किनारा
अंकुश- नियंत्रण, दबाव, हाथी को चलाने का या रोकने का हथियार
अवतंस- टीका, मुकुट, भूषण, थाली, दूल्हा, श्रेष्ठ पुरुष, बाली, कर्णफूल, हार
अहि- सर्प, सूर्य, पृथ्वी, जल, राहु, कष्ट, पथिक, ठग, वंचक, नाभि, अश्लेषा नक्षत्र, वृत्रासुर, सीसा
आकर- कोष, स्रोत, खान, भंडार, तलवार का एक हाथ, भेद
आब- चमक, शोभा, छवि, इज्ज़त, पानी, आँसू, अर्क, मवाद, धार, उत्कर्ष, प्रतिष्ठा, शराब
आली- सखी, मान्यवर, गीला, पंक्ति, रेखा, बाँध, सेतु, पुल, वंश,
आत्मा- परमात्मा का विलो, सूर्य, अग्नि, ब्रह्मा, स्वरूप, देह, पुत्र, वायु, बुद्धि, देही, साहस, पुत्र, सूर्य, वायु, अग्नि
आम- साधारण, मामूली, आम्र, व्यापक, फैला हुआ, प्रसिद्ध
इळा- पृथ्वी, गाय, वाणी, दुर्गा, अन्न, स्वर्ण, स्तुति, नाड़ी विशेष, मनु की पुत्री, बुध की पत्नी तथा पुरुरवा की माँ
इरा- भूमि, वाणी, सरस्वती, बृहस्पति की माता, जल, मद्य, आहार, कोई पेय
उत्तर- जवाब, बदला, बाद का, एक दिशा, राजा विराट का पुत्र, ऊँचा, श्रेष्ठ (लोकोत्तर), अतीत, वाम,
उग्र- गरम, सूर्य, क्रूर, तीव्र, प्रचण्ड, महादेव, भयानक, कष्टदायक, परिश्रमी, उच्च, पूर्वा फाल्गुनी
उमा- दुर्गा, पार्वती, हल्दी, अलसी, कीर्ति, कांति, शांति, रात्रि, चंद्रकांतमणि
कनक- सोना, धतूरा, गेहूँ, टेसू, पलाश, खजूर, नागकेशर, चंपा
कंस- काँसा, प्याला, मँजीरा, श्रीकृष्ण का मामा, सुराही
कर्ण- कान, कुंतीपुत्र, त्रिभुज के समकोण के सामने की भुजा, पतवार
कल- आगामी तथा बीता हुआ दिन, सुंदर, आराम, मशीन, मधुर, ध्वनि, श्रेष्ठ, पूर्जा, कोमल, अस्पष्ट मधुर, साल का पेड़, चार मात्राओं का काल, पितरों का एक वर्ग
कर- किरण, टैक्स, सूँड, हाथ, क्रिया का रूप (कार्य करना), ओला, हस्त नक्षत्र, मालगुजारी, महसूल, लंबाई की एक माप
कक्षा- काँख, कोष्ठ, फोड़ा, तुलना, श्रेणी, परिधि, दरजा, काँख का फोड़ा, कमर, चहारदीवारी, शकट का एक विशेष भाग
कच- बाल, सूखा, बृहस्पति का पुत्र, बादल, पपड़ी, झुण, सूखा फोड़ा या घाव
कपिल- चूहा, महादेव, मुनि, भूरा, अग्नि, कुत्ता, सूर्य, विष्णु, बादामी, एक रूप, शिलाजतु (शिलाजीत), एक देश
कपिला- भूरे या सफेद रंग की गाय, अग्नि कोण के दिग्गज पुंडरीक की पत्नी, जोंक, माटा (पीला कीड़ा), दक्ष प्रजापति की एक कन्या
कला- अंश, कौशल, गुण, छोटा भाग, काल का एक मान (1.6 मिनट), रक्त-मांस-मे आदि को अलग रखनेव शरीर की झिल्लियाँ
काल- समय, मुहूर्त, अवसर, शिव, युग, यमराज, मृत्यु, मौसम, अंत, काला गहरा नीला रंग, प्रारब्ध, कोयल, लोहा,
कन्या- कुमारी, पुत्री, लड़की, एक राशि (12 राशियों में छठी राशि), दुर्, बड़ी इलायची, घृतकुमारी, एक वर्णवृत
काम- कामदेव, कार्य, इच्छा, नौकरी (वृत्ति), काम वासना,  कृति, कढ़ाई, तालु, मुँह,
कलि- कलह, दुःख, पाप, चार युगों में से एक (कलियुग), अधखिला फूल, सूरमा
कुल- परिवार, वंश, जाति, समूह, घर, सब, वाममार्ग, संघ, घराना, श्रेणी, जनपद, एक नीला पत्थर, मूलाधार चक्र
कौशिक- विश्वामित्र, इंद्र, उल्लू, नेवला, सवेरा, कोशकार, कोशाध्यक्ष, शृंगार रस, मज्जा, गुग्गुल
कोश- शब्दकोश, खजाना, आवरण, थैली, अण्डा, डिब्बा, तलवार की म्यान
कृष्ण- काला, कौआ, अंधकार, कन्हैया, एक पक्ष, वेदव्यास, काला हिरण, अर्जुन, सुरमा, करौंदा, द्यूत से प्राप्त धन, परब्रह्म
कलम- कर्णिका, लेखनी, कूँची, कनपटी के बाल, चोर, बदमाश, कटा, तराशा हुआ
कर्ता- करनेवाला, बननेवाला, परिवार का मुखिया, एक कारक
कौरव- धृतराष्ट्र के पुत्र, कुरु के वंश, गीदड़
कोटि- धनुष का सिरा, श्रेणी, करोड़ की संख्या, वर्ग, किस्म, दर्जा, अर्द्ध चंद्र का सिरा, राशि चक्र का तीसरा अंश, 90 अंश के चाप के दो समान भागों में से एक
कूट- चोटी, नोट, छल, झूठा, जाली, रहस्यमय, काग, पर्वत की चोटी, कूटने की क्रिया, कुटी, सींग, अगस्त्य मुनि, ललाट की अस्थि, हिरन फँसाने का जाल, सींग टूटा बैल, बनावटी, घृणित, घड़ा, गूढ़ोक्ति,
केश- बाल, किरण, विष्णु, संसार, वरुण,
क्षेत्र- खेत, गात (शरीर), स्त्री, गृह, शहर, जगह
कुंडल- कर्णाभूषण, साँप की गेडुरी
खग- पक्षी, वायु, तारा, बाण, ग्रह, देवता, सूर्य, चंद्रमा
खर- गधा, दुष्ट, तीक्ष्ण, तृण, कौआ, बगुला, एक राक्षस, अशुभ
खल- दुष्ट, तलक्षट, धतूरा, चुगलखोर, खरल (दवा कूटने का पात्र), खोटा, बेहया, धरती, युद्ध
गण- समूह, शिव के अनुचर, छंदश के गण (तीन वर्णों का समूह), श्रेणी, सेना का भाग
गंज- गंजा, मंडी, ढेर, ख़जाना, भंडार, बाजार, गोठ, पानपात्र, अवज्ञा, तिरस्कार
गति- चाल, मोक्ष, हालत, रफ्तार, प्रवेश, शरण,क्षमाया, रीति, स्थिति
गुण- विशेषता, लक्षण, रस्सी, कौशल, प्रत्यं, निपुणता, शील
गो- गाय, आँख, इंद्रिय, बाल, भूमि, सरस्वती, सूर्य, माता, बैल, किरण
गिरा- वाणी, सरस्वती, जिह्वा, वाक्श, गिरना का भूतकाल रूप
गुरु- बड़ा, शिक्षक, भारी, बृहस्पति, अध्यापक, दीर्घ वर्ण, मंत्रदाता, पूज्य
घट- शरीर, घड़ा, कुंभ, पिण्ड, परिमाण विशेष, मन (अंतःकरण)
घन- बादल, कपूर, मोटा, घना, भारी, हथौड़ा, घण्टा, समूह
चपला- बिजली, चंचल, स्त्री, लक्ष्मी, जिह्वा, वेश्या, पुंश्चली स्त्री, भाँग, मद्य, पिप्पली
चरण- पैर, छंद का एक पद, आचार, बड़ों का साथ
चश्मा- ऐनक, स्रोत, झरना, सोता, सुई का छेद, अमृत का कुंड
चेट- दास, पति, विदूषक(मसखरा), एक मछली
जलज- कमल, मोती, मछली, शंख, सैवाल, चौलाई, जलबेत, कुचला, चंद्रमा, समुद्र लवण
जड़- मूर्ख, मूल, हठी, शीतल, गूँगा, अचेतन, निश्चेष्ट, सीसा, पेड़ पौधों की नीवँ, मूलाधार, आधार
जन- प्रजा, लोग, मनुष्य समूह, भवन, जाति, सेवक, दास, मनुष्य, सात महाव्याहृतियों में से एक (गायत्री मंत्र के प्रथम तीन शब्द)
जीवन- प्राण, वायु, ईश्वर, जल, पुत्र, गंगा, परमप्रिय, आजीविका, ताजा दूध, मज्जा, क्षुद्रफलक नामक पौधा
जातक- लड़का, बतख, भिक्षु, ज्योतिष का भेद, बौद्ध कथाएँ,
जाल- माया, छल, जाला, जमघट, फ़रेब, बुनावट, रस्सी से बना हुआ (रस्सी से बना हुआ मछली आदि को पकड़ने का साधन)
जाली- फर्जी, छोटा जाल, तंतुजाल, धीवर, फ़रेबी, एक नाव, झंझरी, उलझाने वाला
ज्योत्स्ना- चंद्रमा की रोशनी, चाँदनी रात, सौंफ, सफेद फूल की तरोई
टीका- तिलक, व्याख्या, फलदान, धब्बा, टिप्पणी, आलोचना, मस्तक का आभूषण
टीप- व्याख्या, दस्तावेज, हुंडी, सेना की टुकड़ी, दराजें भरने का काम, तेज आवाज
तक्षक- बढ़ई, एक सर्प, विश्वकर्मा, सूत्रधार, दस वायुओं में से एक, भागवतोक्त प्रसेनजित का पुत्र, एक जाति
तत्त्व- सार, मूल, ब्रह्मा, पंचभूत, सत्य, धर्म, परिणाम, उद्देश्य
तंत्र- सूत, जुलाहा, कपड़ा, ताँत, प्रबंध, शासन, उपाय, ओषधि, एक शास्त्र
तात- पिता, गुरु, भाई, मित्र, बड़ा, पूज्य, प्रिय, प्यारा
तारा- नक्षत्र, आँख की पुतली, बालि की पत्नी, बृहस्पति की पत्नी, भाग्य
तीर- नदी तट, बाण, समीप, सीसा धातु, राँगा
तनु- पतला, सुंदर, कोमल, शरीर, काय, स्वभाव, चर्म, अल्प, सुकुमार, कृश, छिछला
दल- समू, फूल की पंखुड़ी, पत्ता, मंडली, सेना, कीचड़, झुंड, पक्ष
दाम- धन, मूल्य, रस्सी, एक सिक्का, लोक
द्विज- ब्राह्मण, पक्षी, दाँत, तारा, चंद्रमा, अण्डज
दक्ष- कुशल, ब्रह्मा का पुत्र, ईमानदार, दाहिना, दक्षिण, मुरगा, नंदी, अग्नि, शिव, शक्ति, योग्यता, वह नायक जिसके कई नायिकाएँ हो
द्यु- दिवस, आकाश, सूर्य, लोक, स्वर्ग
दंड- डंडा, सजा, साठ पल की अवधि, सेना, यमराज, यम अस्त्र, ठाक की लकड़ी, कसरत
धनंजय- अग्नि, चित्रक, वृक्ष, अर्जुन, विष्णु, वायु
धर्म- स्वभाव, गुण, सत्कर्म, पुण्य, शुभ, कर्म, कर्तव्य, रीति, न्याय, यज्ञ, संप्रदाय
धातु- प्रकृति, वीर्य, स्वर्ग, व्याकरण में क्रिया का मूल रूप
ध्रुव- अटल, निश्चय, स्थिर, एक तारा, उत्तानपाद का पुत्र, भक्त, नित्य, विष्णु
नभ- आकाश, शून्य, खाली स्थान, शिव, जल, मेघ, आश्रय
नाग- सर्प, हाथी, राँगा, पान, बादल, एक पर्वत, कश्यप की संतान, आठ की संख्या
नागर- चतुर, शहरी, नागरिक, सोंठ, गुजराती ब्राह्मणों की एक जाति
नागरी- नगर की स्त्री, चतुर, देवनागरी लिपि
निगम- वेद, मार्ग, हाट, मेला, निश्चय
निशाचर- चोर, राक्षस, उल्लू, प्रेत, चक्रवाक
नाक- नासिका, स्वर्ग, मगर की जाति, प्रतिष्ठा, एक जल जंतु
नीलकंठ- शिव, मोर, नीले कंठ का पक्षी विशेष
पट- वस्त्र, कपड़ा, किवाड़, सिंहासन, छप्पर, कपास, दरवाज़ा, पर्दा, चित्रपट, यवनिका
पद- पैर, ओहदा, छंद का चरण, स्थान, रक्षा, उपाधि, कदम, शब्द
पतंग- सूर्य, पक्षी, नाव, कनकौआ, टिड्डी, कीड़ा
पशु- जीवमात्र, चार पैरों वाले प्राणी, मूर्ख, देवता, यक्ष
पति- ईश्वर, प्रतिष्ठा, स्वामी, दूल्हा, मर्यादा, विवाहित स्त्री का भरतार
पानी- जल, इज्ज़त, चमक, वर्ष,  प्रतिष्ठा, कलई, मुलम्मा, दंभ, जीवट, घोड़े आदि जानवरों की जातिगत विशेषता
प्रत्यय- विश्वास, प्रमाण, विचार, कारण, निर्णय, व्याकरण का शब्दांश
पृष्ठ- पीठ, पीछे का भाग, वस्तु का ऊपरी भाग, पन्ने का एक ओर का भाग, छत, सफा
पृष्ट- पूछा गया, सिक्त, प्रश्न, जिससे पूछा गया हो
प्राण- वायु, जीवन, श्वास, बल, शक्ति, वैवस्वत मन्वंतर के सप्तर्षियों में से एक, पति, खावि, प्रेमी, पाचन
पोत- नाव, बच्चा, स्वभाव, वस्त्र, गुड़िया, कपड़ें की बुनावट
पुष्कर- तालाब, कमल, हृद, पानी, सूर्य, सर्प, हाथी के सूँड का अग्र भाग, आकाश, बाण
प्रकृति- स्वभाव, माया, ख़ज, स्वामी, मित्र, जन्म, धर्म
पालि- पंक्ति, सीमा, गाँव, एक भाषा
पार्श्व- बगल, पंजर, हाशिया, पक्ष, क्षेत्र का अंग
परिकर- कमरबंद, परिवार, नौकर चाकर, समूह, एक अलंकार
पय- दूध, जल, अन्न, शुक, आहार, ओज, शक्ति, चरण
पिंगल- पीला, एक पक्षी, बंदर, छंदशास्त्र
पीर- संत, महात्मा, बूढ़ा, पीड़ा, सहानुभूति
प्रसव- जन्म, फल, फूल, उत्पत्ति, अपत्य, सतति
फल- मेवा, परिणाम, लाभ, नतीजा, कर्मभोग, संतान, चर्म, ढाल, गुण, बाण, प्रयोजन
बंसी- बाँसुरी, मछली फँसाने का काँटा, विष्णु, राम- कृष्णादि के चरण चिह्न
बंध- गाँठ, बंधन, कैद, शरीर, पुल
बल- शक्ति, सेना, बलराम, पार्श्व, सहारा, चक्कर, सिकुड़ना, मरोड़
बाजि- घोड़ा, बाण, पक्षी, चलनेवाला
बलि- दानवीर, राजा बलि, बलिदान, उपहार, चढ़ावा, कर
बारन- हाथी, रोकना, बालकों, द्वारों, बालों
बिंदु- बूँद, कण, शून्य, अनुस्वार, चिह्न, गद्द
भाव- श्रद्धा, दर, विचार, अभिप्राय, अस्तित्व, निर्ख
भक्ति- भाग, अंग, सेवा, पूजा, श्रद्धा
भूत- प्राणी, भूत-प्रेत, पंचतत्व, अतीत, मृत शरीर
भानु- सूर्य, विष्णु, किरण, राजा, शिव, विष्णु, प्रभा, मदार
मधु- शहद, मदिरा, मकरंद, वसंत, ऋतु, पानी, अमृत, फूलरस
मानस- मानसरोवर, मनुष्य, मन, कामदेव, दूत, मन से उत्पन्न
मित्र- दोस्त, सूर्य, प्रिय,, साथी, बारह आदित्यों में से एक
माया- भ्रम, दौलत, इंद्रजाल, भगवान की लीला रहस्य
मत- राय, वोट, संप्रदाय, मना करने के लिए
मुद्रा- मुहर, मुख-मुद्रा, हावभाव, सिक्का, अंगूठी, मुखाकृति, छाया, आकृति
मूल- जड़, कंद, पूँजी, एक नक्षत्र, आरंभ, उत्पत्ति स्थान, वस्तु का निचला भाग, पादप्रदेश (पर्वत मूल), चरण, 27 नक्षत्रों में से19वाँ नक्षत्र, गुणित राशि का मूल, निकुंज, आद्य, प्रधान
मान- सम्मान, अभिमान, इज्जत, नाप- तौल
यंत्र- उपकरण, बंदूक, ताला, बाजा
योग- मेल, ध्यान, प्रेम, उपाय, धोखा, लाभ, नियम, शुभ काल
रंग- वर्ण, शोभा, प्रभाव, उमंग, ढंग, मनोविनोद, रोब, नाच-गान, युद्ध क्षेत्र
रस- आनंद, स्वाद, प्रेम, उमंग, शरबत, जहर, सत्त, षडरस, नवरस, अर्क, पारा
रक्त- लहू, केसर, ताँबा, कमल, सिंदूर, लाल चंदन
राशि- समूह, मेषवृष आदि, सूर्य की राशियाँ, ढेर
रुचि- इच्छा, किरण, शोभा, स्वाद, प्रवृत्ति
रूढ़ि- चढ़ाई, उभार, जन्म, ख्याति, प्रथा, विचार
रास- गाना, शृंखला, ढेर, लगाम, रस्सी, एक नृत्य
राग- प्रेम, रंग, गाने का राग, स्वर, ईर्ष्या, कष्ट
लंक- कमर, लंका नामक द्वीप, रावण की वासभूमि
लंका- एक देश, एक योगिनी का नाम, शाखा, दुराचारिणी स्त्री, असबरग, काला चना, शाखा, द्विदल, शिंबी धान्य, दाल वाले अन्न
लक्ष्मी- रमा, कमला, इंदिरा, धन-संपत्ति, शोभा, दुर्गा का नाम, विष्णु की पत्नी
लाट- छोटा, बेटा, लाड़-प्यार, चाह, रक्त वर्ण प्रिय बालक, कृष्ण
व्याज- बहाना, ब्याज, सूद, छल, कौशल, बाधा, विलंब
वन- जंगल, जल, बाग, काष्ठ, घर, फूलों का गुच्छा
वर्ण- रंग, चार वर्ण, जाति, अक्षर, रूप, भेद, सोना
वंश- कुल, बाँस, गौत्र, पीठ की हड्डी, नाक के ऊपर की हड्डी
वार- दिन, आक्रमण, प्रहार, अवसर, क्षण, बाण, शिव
वर- श्रेष्ठ, दूल्हा, पति, वरदान, वरणीय, आशीर्वाद
वारुणी- शराब, वरुण की पत्नी, पश्चिम दिशा
विधु- चंद्रमा, विष्णु, ब्रह्मा, कपूर, शिव, युद्ध, जलस्नान, समय, वायु, एक प्रायश्चित, अस्त्र, पैरों आदि का प्रक्षालन
व्योम- आकाश, बादल, जल, अभ्रक, सूर्य मंदिर, कल्याण, एक एकाह ( एक दिन का समय), विष्णु, एक प्रजापति
विग्रह- देवता की मूर्ति, शरीर, लड़ाई, अलग, विश्लेषण
व्याल- सर्प, शेर, राजा, विष्णु, शठ, अपकारी, जंगली, भयंकर, चीता, राजा, ठग, एक वृत्त, आठ की संख्या
शारदा- सरस्वती, दुर्गा, एक प्राचीन लिपि
शिव- पारा, मोक्ष, महादेव, कल्याण, लिंग, मंगल, भाग्यशाली
शून्य- निर्जन, ब्रह्म, आकाश, अभावसूचक चिह्न
श्यामा- यमुना नदी, रात, स्त्री, कोयल, राधा
श्वेता- दुर्गा, कौड़ी, शंखिनी, सफेद चीनी
श्री- विष्णु, सरस्वती, कमल, विभूति, कीर्ति, कांति, कुंकुम, वाणी, संपदा
श्रद्धा- विश्वास, मनु की पत्नी, काम की माता, दक्ष की कन्या, धर्म की पत्नी
शिलीमुख- भ्रमर, बाण, मूर्ख, युद्ध
षण्ड- साँड, नपुंसक, शिव का नाम, झाड़ी, धृतराष्ट्र का एक पुत्र
संज्ञा- नाम, संकेत, ज्ञान, चेतना, सूर्य की पत्नी, विश्वकर्मा की पुत्री
श्रुति- कान, वेद, सुनना, वाद, ज्ञान, वार्ता, किंवदंती, जनश्रुति, श्रवण नक्षत्र, नाम, संज्ञा, विद्या, कर्दम ऋषि की पत्नी, चार की संख्या, अनुप्रास का एक प्रकार, संगीत, समकोण त्रिभुज की कर्णरेखा, सामने की रेखा
सारंग- मोर, सर्प, हिरण, मेघ, सिंह, हाथी, स्त्री, दीपक, हवा, कामदेव, कोयल, चातक, बाज, घोड़ा, सूर्य, हंस, घड़ा, शंख, धनुष
सुरभि- सुगंध, गौ, पृथ्वी, सुरा, तुलसी, शराब, कश्यप की पत्नी, दक्ष की कन्या
स्नेह- प्रेम, तेल, कोमलता, चिकनाहट
सुर- सूर्य, विद्वान, मुनि, स्वर, देवता,
सारस- श्वेत पक्षी, हंस, चंद्रमा, कमल
सूत- सारथि, धागा, बढ़ई,  रुई, एक नाप,
स्कंद- विनाश, शिव, शरीर, कार्तिकेय
हंस- एक पक्षी, आत्मा, सूर्य, विष्णु, शिव, घोड़ा, प्राण, ब्रह्मा, योगी, सफेद
हरि- विष्णु, इंद्र, सूर्य, हंस, आग, हाथी, कामदेव, बंदर, शेर, यमराज, पर्वत, वायु, कोयला, साँप, मेढक, घोड़ा, चंद्रमा, पर्वत, इंद्र
हर- हरनेवाला, शिव, आग, भिन्न के अंश के नीचे की संख्या
हस्ती- हाथी, अस्तित्व, हैसियत, कार्यकुशल, अजमोदा, धृतराष्ट्र का एक पुत्र, कुरु का एक पुत्र, सुहोत्र (एक चंद्र वंशी नरेश) का पुत्र
हलधर- किसान, बैल, बलराम,
हल- समाधान, खेत जोतने का यंत्र, वर्ण के नीचे लगने वाला चिह्न (व्यंजन), भूमि की एक माप, एक नक्षत्रपुंज, पैर का चिह्न

No comments :

Post a Comment

We welcome your comments related to the article and the topic being discussed. We expect the comments to be courteous, and respectful of the author and other commenters. Setu reserves the right to moderate, remove or reject comments that contain foul language, insult, hatred, personal information or indicate bad intention. The views expressed in comments reflect those of the commenter, not the official views of the Setu editorial board. प्रकाशित रचना से सम्बंधित शालीन सम्वाद का स्वागत है।